Ramdhari Singh Dinkar
Description
सपनों का धुआँ राष्ट्रकवि रामधारी सिंह दिनकर की आजादी के बाद लिखी गईं कविताओं का संग्रह है । इस संग्रह में दिनकर जी की उन कविताओं को संकलित किया गया है
...
जिनमें समकालीन स्थितियों के प्रति उनकी भावनात्मक प्रतिक्रिया सशक्त रूप में प्रस्फुटित हुई है । इस पुस्तक में जहाँ एक तरफ स्वराज से फूटनेवाली आशा की धूप और उसेके विरुद्ध जन्मे हुए असन्तोष का धुआं कविताओं में प्रतिबिम्बित होता है वहीं, दूसरी और एक विदुषी को लिखा गया कवि का गीत-पुंज भी है जो कवि के गहन चिन्तन के दस्तावेज के रूप में हमारे सामने आता है । मन-मस्तिष्क को उद्वेलित करनेवाली ये कविताएँ सभी पाठकों के लिए उपादेय हैं ।
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Reading Moods
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Contributors
No contributors specified
Publishing Info
Publisher
Lokbharti Prakashan
Month-Year
Jan, 2008
ISBN
ISBN-13: 9788180313332
ISBN-10: 8180313336
Language
Hindi
No. of Pages
159
Format
Hardcover
Awards & Recognition
No awards specified
Available at
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First Reviewed by
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