ईश्वर दास चोपड़ा
Description
लकरोना महामारी के कारण कहीं भी जाने पर प्रलतबंध के कारण काफी समय उपलभ्द हो गया I मेरी पहली पुक्तस्तका आध्याक्तिक संलित सुमन वालटका का संकलन पूरा हो िु
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का है I मेरे एक वैष्णव लमत्र श्री संघाणी जी ने परामशश लदया लक मुझे इस िाली समय का सदुपयोग करना िालहए और श्रीमद्भागवत आलद से आध्यक्तिक ज्ञानवधशक कथाओं का संकलन करना िालहए I उन के परामशश पर मैं ने श्रीमद्भागवत ,रामायण आलद से कुछ कथाओं के संकलन का प्रयास लकया है I लकरोना लॉक आउट के कारण कोई भी लहंदी भाषा का टाइलपस्ट न लमल पाने से मैंने स्वयं लहंदी में टाइलपंग सीि कर लहंदी में टाइलपंग करने का प्रयास लकया है I शब्ों के स्पेललंगों में गललतयां होना स्वभालवक है I मेरी पत्नी कमलेश ने स्पेललंगों को ठीक करने में बहुत सहयोग लदया है I
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Genres
Self-Help & Personal Development
Religion & Spirituality
Tags
Self-Help
Spiritual
Reading Moods
No reading moods specified
Contributors
No contributors specified
Publishing Info
Publisher
Nitya Publications
Month-Year
Jan, 2020
ISBN
ISBN-13: 9789390390731
ISBN-10: 9390390737
Language
Hindi
No. of Pages
212
Format
Paperback
Awards & Recognition
No awards specified
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First Reviewed by
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